कुमाऊँनी कवि शेरदा अनपढ़ का कविता पाठ
Posted by on July 12, 2010 Filed under कुमाऊँनी संगीत, गीत और संगीत, विडियो
क्या आप जानते हैं ग्राम सभा, विधान सभा और लोक सभा किसे कहते हैं? अगर नही तो इस पोस्ट को जरूर पढ़िये। शेरदा अनपढ़ कुमाऊँ क्षेत्र के बहुत प्रसिद्ध कवि हैं, इनकी दो कवितायें (O Parua Boju and, Mat Maro Mohana Pichkari) मैंने आपको पहले सुनवायी थी। आज यू-ट्यूब में घूमते घूमते कुछ और मिल गयी। ये कवितायें वो कौसानी में एक सभा में सुना रहे हैं।
अगर आपको कुमाऊँनी नही आती तो भी आप समझ सकते हैं क्योंकि बीच बीच में हिन्दी में शब्दों के अर्थ भी बताये हैं। ग्राम सभा, विधान सभा और लोक सभा के बारे में (परिभाषा) अंतिम विडियो में बताया है।
कोछे तू (कौन है तू)
शोक सभा, ग्राम सभा, विधान सभा और लोक सभा की परिभाषा
Tags: kumaoni, poem, Poet, Sherda Anpad, uttarakhand
उत्तरांचल में आने का धन्यवाद, क्या आपको ये आलेख पसंद आया, क्यों नही आप टिप्पणी के रूप में अपने विचार भी प्रकट करें। और अगर चाहें तो आप सब्सक्राइब भी कर सकते हैं, जब भी इस साईट पर नया कुछ पोस्ट होगा वो आपको आपकी ईमेल में मिल जायेगा।

