Archive for February 2008
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ये व्यस्कों का लफड़ा भी अजीब किस्म का होता है जैसे ही 18 क्रॉस किया नही कि उसे लगता है कि अब वो बच्चा तो रहा नही इसलिये तुरंत बच्चों जैसी किसी भी बात से किनारा कर लेता है। लेकिन मजे की बात ये है कि बाल चाहे सफेद होने लगे, कमर झुकने लगे, आंख [...]
कभी कभी ये मेरे दिल में ख्याल आता है कि काश हम या हमारे कोई मित्र मीडिया में होते। लाल रंग देखते ही जिस तरह किसी सांड में एनर्जी का उबाल आता है कुछ कुछ वैसा ही उबाल कभी कभी हमारे दिल में आता है जब भी ये किसी हिन्दी चिट्ठाजगत की खबर पर उछलते [...]