या तो राम झूठे हैं या मीडिया
अभी अभी जी टीवी पर खबरें देख रहा था तो सबसे पहली खबर आयी, “जी टीवी का सबसे बड़ा सनसनी खेज खुलासा - क्या रावण जिंदा है?“। लो करलो जी बात, खुलासा कर रहे हो या सवाल पूछ रहे हो। चलो मान लिया कि सनसनी की बात कर रहे हो तो खुलासा ही कर रहे होगे। अब अगर ये बात सही है तो रामजी झूठे निकले जो रावण को मारने की वाहीवाही अब तक लूट रहे हैं।
बात सिर्फ इतनी सी है कि श्रीलंका पर्यटन विभाग का मानना है कि उसे कुछ ऐसे अवशेष या निशान मिलें हैं जो इस बात की पुष्टि कर सकते है कि आज की लंका ही रावण की लंका भी थी। अब ये वाकई में ऐसा है या पर्यटन का मार्केट बनाने की श्रीलंका सरकार की कोशिश। इस पर तो बहस अब शुरू होगी लेकिन मीडिया ने किस तरह से वाकई में इसे सनसनी खबर बना दिया ये बात तो आप मानेंगे ही। क्यों क्या कहते हैं आप?
सनसनी है जी पक्की.
क्या कहा जा सकता है…मीडिया वाले ही असली रावण हैं…जो चाहे कह सकते हैं।
थोड़ा और लिखते ये क्या लुक्की लगाकर भाग निकले. अब क्या टिप्पणी करें….
SEE ONE MORE POST, I WROTE HERE: “RAM KAHANI RAHEEM KI ZABANI” ON http://www.shuaib.in/chittha/archives/155
खबर तो हमने भी देखी यह!!
तो अगली पोस्ट मे संजय तिवारी जी की शिकायत दूर कर रहे हैं न?
बिल्कुल सही फरमाया। यानी राम ने रावण को मारा ही नहीं। आज लोग एवरेस्ट और कैलाश मानसरोवर पर पहुंच गए लेकिन रावण की गुफा तक नहीं। हैलीकॉप्टर और सुपरसोनिक विमान से पहुंचा दो फौज को…सब खोद लाएगी वहां से। या तो मीडिया गलत जानकारी दे रहा है या फिर श्रीलंका सरकार। प्रयास किया गया लेकिन मौसम खराब हो गया…साल भर अभियान जारी रखो मूर्खों कभी तो मौमस खुल ही जाएगा। किसे मूर्ख बना रहे हैं इस न्यूज के नाम पर। जनता को बेवकूफ समझने वाला मीडिया यह नहीं जानता कि लोग अब पहले से चतुर हो गए हैं और तुम्हारी न्यूज कार्टून नेटवर्क से ज्यादा कुछ नहीं।
फिर से…इस न्यूज के साथ जो फुटेज दिखाए जा रहे थे वे मामूली से थे। कहां दिखाए खतरनाक सांप, जंगली हिंसक जानवर। कह रहे थे कि खूब खतरनाक इलाका है तो फिर लिटटे वालों को एलाट कर दो वे सब ठीक कर देंगे वहां का माहौल। फिर जाकर रिपोर्टिंग कर लेना। दो इंच के फुटेज पर सनसनी बना दी मूर्खों ने। क्यों फजीहत करा रहे हो मीडिया नाम की।
हमें तो पहले ही पता था रावण जिन्दा है। मर जाता तो हर साल दशहरे पर क्या करते।