18 Dec
Posted as ज्ञान विज्ञान
Tags:ज्ञान विज्ञान, Firefox, narad, pahari shabdkosh, plugins, searchइस पोस्ट के साथ निठल्ला चिंतन में भी कुछ ज्ञान विज्ञान की बातों का सिलसिला शुरू हो गया है। खाली वक्त का थोडा सदुपयोग करते हुए मैने ये सर्ड के ये दो प्लगिन बनाये, एक अपनी नयी साईट पहाडी शब्दकोश के सर्च के लिये और दूसरा अपने नारद के लिये। ये सिर्फ फायरफोक्स और नेटस्केप पर ही काम करते हैं, इंस्टॉल होने पर ये ब्राउजर के टूलबॉक्स में अन्य दूसरे सर्च प्लगिन के साथ जुड जाते हैं।
जैसे पहाडी शब्दकोश का ये सर्च प्लगिन इंस्टॉल करने के लिये यहाँ पर क्लिक कीजिये, क्लिक तभी कीजिये जब आप इस पोस्ट को फायरफोक्स में पढ रहे हो अन्यथा ये काम नही करेगा।। क्लिक करने पर आपको ये मैसेज बॉक्स दिखायी देगा, ऐड के बटन पर क्लिक कीजिये और प्लगिन इंस्टॉल। इसे उपयोग में लाने के लिये दाहिनी तरफ बने सर्च के ड्राप डाऊन में पहाडी शब्दकोश सलेक्ट कीजिये और शुरू हो जाईये (मदर, ब्रदर अंग्रेजी में टाईप करके देखिये, अभी पहाडी शब्दकोश यूनिकोड सपोर्ट नही करता)।

अगली पोस्ट में मैं आपको बताऊंगा कि आप इस तरह के प्लगिन कितनी आसानी से बना सकते हैं। और चलते चलते अगर आप इन्हें हटाना चाहते हैं तो सर्च के ड्राप डाऊन के आखिर पर ‘मैनेज सर्च इंजन’ पर क्लिक कीजिये और जिसे हटाना चाहते हैं उसे सलेक्ट करके के रिमूव पर क्लिक कीजिये, प्लगिन आपके ब्राउजर से हट जायेगा।

3 Responses
संजय बेंगाणी
December 18th, 2006 at 11:46 pm
1समय का सदउपयोग.
Tarun
December 18th, 2006 at 11:55 pm
2संजय, मेरे ख्याल से सदुपयोग भी होता है, इसका संधि विच्छेद बनता है सद+उपयोग, कोई और भी प्रकाश डाले।
Jitu
December 19th, 2006 at 2:26 am
3बहुत सही, तरुण भाई, अच्छा काम हुआ। नारद की सर्च से सम्बंधित प्लग-इन के लिए एक छोटा सा अलग से लेख (लिंक सहित) लिखकर भेज दो, नारद पर लगा देते है।
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अनमोल वचन Quotes
The difference between 'involvement' and 'commitment' is like an eggs-and-ham breakfast: the chicken was 'involved' - the pig was 'committed' - unknownCategories
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