भागो भूत आया
भूत है बम विस्फोट और ये कह रही है साउथ अफ्रीका की डरपोक टीम जो बस एक बम के धमाके से ही घबरा के अपने बिल में छुप जाना चाहती है। और कहीं बम के नाम पर हार से मुहँ मोड़ने के लिये उठाया गया कदम तो नही, लेकिन जो भी है साउथ अफ्रीका की टीम के इस निर्णय से खुद उनके देशवासी भी सहमत नही लगते हैं। उन्हें भी अपनी टीम के इस निर्णय से अच्छी खासी नाराजगी है। उनका मानना है कि टीम के इस कदम से आतंकवाद को बढ़ावा ही मिलेगा।
जहाँ एक टीम दुम दबाके भाग रही है, वहीं भारतीय टीम डटी हुई है क्रिकेट मैच खेलने के लिये। अब देखना है कि भारत और श्रीलंका के बीच के मुकाबले कितने रोचक होते हैं।


बहुत ही नाज़ुक मिज़ाज टीम है भाई
अपनी सुरक्षा की चिंता करना कैसे गलत हो सकता हैं.
उनकी तो हवा निकल गई थी. ताज़ा समाचार यह है कि दक्षिण अफ़ीका में वहां की जनता ने इस वापसी पर रोष प्रकट किया है. छपा तो यह भी है लोग अब अफ़्रीकी टीम को डरपोक बोल रहे हैं.
अपन देखो तो बमों के बीच भी खेलने को तैयार है. वैसे अपनी टीम के लिए बीसीसीआई ने ग़ैरसरकारी सुरक्षातंत्र की भी मदद ली है. सरकारी तंत्र तो साथ है ही. श्रीलंका के हौसले का सवाल है यार. वैसे आईसीसी में अफ़्रीका की कम्प्लेंट होने जा रही है.
भैये बम से बच लिये बारीश का क्या कर लोगे ? हो गयी श्रंखला रद्द