Spiritual (Bhajan)
शर्मा बंधुओं को सुनियेः जैसे सूरज की गर्मी से जलते हुए तन को
जब मैं छोटा था तब दूरदर्शन में अक्सर एक भजन बजता (सुनता) हुआ दिखायी देता, भजन की कुछ समझ ना होने के बावजूद भी वो सुनने में बहुत मधुर लगता था। आज अचानक फिर से सुना तो मन को वैसा ही सुकून मिला जैसे तपती दोपहरी में छावँ में खड़े होने पर या पानी की [...]












