< Browse > Home / Golden Melody, Happy Go Lucky / Blog article: किसी की मुस्कुराहटों पे हो निसार

| Mobile | RSS

किसी की मुस्कुराहटों पे हो निसार

August 31st, 2010 | 4 Comments | Posted in Golden Melody, Happy Go Lucky

अभी अभी राजकपूर की आवाज यानि मुकेश साहेब की वर्षगाँठ निकली है और जिस तरह से मैंने अनजाने ही सही उनको गीत गाता चल में भूला सा दिया वैसे ही समय की कमी के चलते वर्षगाँठ में भी उनके गाये किसी गीत का जिक्र तक नही किया।

आज जब थोड़ा वक्त मिला तो सोचा मुकेश साहब को याद उनके गाये अपने सबसे पसंदीदा गीतों में से एक गीत को सुना कर करूँ। मुकेश ने ज्यादातर गीत राजकपूर के लिये गाये थे और ये गीत भी उन्हीं पर फिल्माया गया था फिल्म अनाड़ी के लिये। इस गीत के बोलों ने इसे और भी यादगार बना दिया जिसे लिखा था शैलेन्द्र ने और संगीत दिया था शंकर जयकिशन ने।

किसी की मुस्कुराहटों पे हो निसार,
किसी का दर्द मिल सके तो ले उठा
जीना इसी का नाम है

मुकेश के गाये और भी बहुत गीत हैं जो मुझे खासे पसंद है, आने वाले दिनों में उनका जिक्र करता रहूँगा। लेकिन फिर भी कुछ गीतों का उल्लेख करता चलूँ, इनमें से एक है ‘जल बिन मछली, नृत्य बिन बिजली’ फिल्म का एक गीत – ‘तारों में सजके, अपने प्रीतम से देखो, धरती चले मिलने’। एक और है फिल्म सरस्वती चंद्र का ‘चंदन सा बदन, चंचल चितवन, धीरे से तेरा ये मुस्काना’, फिल्म शोर के लिये उनका गाया, ‘एक प्यार का नगमा है, मौजों की रवानी है’, एक गीत और है जिसे जब मैं छोटा था तो विविध भारती में सुनता था, जो कि शायद लता मंगेशकर (और शायद शारदा) के साथ गाया था, जिसके बोल कुछ इस तरह थे – वो परी कहाँ से लाऊँ, तेरी दुल्हन जिसे बनाऊ कि गोरी कोई पसंद ना आये तूझको, ये गंगाराम की समझ ना आये। कुछ और हैं, ‘कहीं करती होगी, वो मेरा इंतजार’; ‘गर्दिश में हों तारे, ना घबराना प्यारे’; ‘देखो मौसम, क्या बहार है’; किशोर कुमार के साथ फिल्म मेरे अपने का गुलजार का लिखा गीत ‘हाल चाल ठीक ठाक है, सब कुछ ठीक ठाक है, वगैरह वगैरह।

और अंत में चलते चलते मुकेश जी यानि मुकेश चंद माथुर के गाये उस गीत की चंद लाईन जो रूस में सबसे ज्यादा हीट हुआ था – मेरा जूता है जापानी, ये पतलून इंगलिस्तानी, सर पे लाल टोपी रूसी, फिर भी दिल है हिंदुस्तानी

Audio clip: Adobe Flash Player (version 9 or above) is required to play this audio clip. Download the latest version here. You also need to have JavaScript enabled in your browser.

Leave a Reply 3,511 views |

शायद आप इन्हें भी पढ़ना-सुनना पसंद करें

Follow Discussion

4 Responses to “किसी की मुस्कुराहटों पे हो निसार”

  1. vimal Says:

    भाई तरुनजी, आपकी पसन्द के गाने और पोस्ट दोनों को पढ़ने और सुनने में मज़ा आ गया….कल ही यनि बीते ३० अगस्त को मेरे प्रिय गीतकार शैलेन्द्र का जन्म दिन था….और आपकी पोस्ट में उनकी पूरी टीम का ज़िक्र है…जो कहीं न कहीं प्रभावित तो करती है…बहुत बहुत शुक्रिया मित्र।

  2. sunheriyaadein Says:

    This is one of my favourite Raj Kapoor songs. It’s beautiful in every sense. Was very busy whole of this week, so couldn’t even reply to your comment. Now that I finally had the time to do so and visit your page and it’s 03:30 AM! Couldnt go through the other posts as much as I would like to. You have a great collection here and I owuld definitely come back to read the other posts.
    @ Vimal ji : I never knew it was Shailendra’s birthday on 30th August. I felt so good to learn that I share my birthday with him. Thank you so much!

  3. parul Says:

    ohho..ye to jindagi ka geet hai :)

  4. maya bhatt Says:

    bahut hi pyara geet,thanks Tarun

बड़ी देर कर दी, मेहरबाँ आते-आते

टिप्पणियों का शटर कुछ दिनों ही खुला रहता है। असुविधा के लिये हम से भूल हो रही है हमका माफी देयीदो, अच्छा कहो, चाहे बुरा कहो....हमको सब कबूल, हमका माफी देयीदो।